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ओड़िशा

37वां संसदीय इंटर्नशिप कार्यक्रम: 12 देशों के 40 प्रतिनिधियों ने मुख्यमंत्री से की मुलाकात

ओडिशा विधानसभा 89 वर्षों से निभा रही है लोकतांत्रिक परंपरा का गौरवशाली उत्तराधिकार
ओडिशा पूर्वी भारत का सांस्कृतिक केंद्र – मुख्यमंत्री

PNS Bureau | 19 नवंबर 2025

नई दिल्ली स्थित संसद सचिवालय के Parliamentary Research and Training Institute for Democracies (PRIDE) द्वारा आयोजित 37वें संसदीय इंटर्नशिप कार्यक्रम के तहत 12 देशों के 40 विदेशी प्रतिनिधियों ने आज लोकसेवा भवन में मुख्यमंत्री श्री मोहन चरण माझी से मुलाकात की और एक विशेष बैठक में भाग लिया।

मुख्यमंत्री ने प्रतिनिधियों का स्वागत करते हुए ओडिशा की सशक्त लोकतांत्रिक परंपरा और ओडिशा विधानसभा के 89 वर्षों के जनसेवा के गौरवशाली इतिहास पर प्रकाश डाला। उन्होंने कहा कि ओडिशा विधानसभा की संसदीय कार्य प्रणाली देश की सर्वश्रेष्ठ प्रणालियों में से एक है।

मुख्यमंत्री ने जानकारी दी कि जून 2024 से जून 2025 के बीच ओडिशा विधानसभा ने 62 बैठकें आयोजित कीं तथा ‘ओडिशा विश्वविद्यालय (संशोधन) विधेयक, 2024’ पर रिकॉर्ड 12 घंटे 25 मिनट की चर्चा की गई।

उन्होंने बताया कि डिजिटल परिवर्तन के क्षेत्र में भी ओडिशा विधानसभा देश की अग्रणी विधायिकाओं में से एक है। राष्ट्रीय ई-विधान एप्लिकेशन (NeVA) का पूर्ण उपयोग, ई-प्रशासन के लिए OSWAS, पूरी तरह डिजिटल सदन, शोध और इंडेक्सिंग के लिए कृत्रिम बुद्धिमत्ता (AI) का उपयोग—इन सभी पहलुओं को उन्होंने विशेष रूप से रेखांकित किया। डिजिटल नवाचार के लिए ओडिशा विधानसभा को राष्ट्रीय पुरस्कार भी प्राप्त हुआ है।

संसदीय समितियों की अहम भूमिका पर बोलते हुए मुख्यमंत्री ने कहा कि ओडिशा में 10 विभागीय स्थायी समितियों सहित कुल 25 समितियाँ गठित की गई हैं, जो बेहतर शासन के लिए “मिनी-पार्लियामेंट” के रूप में कार्य कर रही हैं। उन्होंने यह भी बताया कि हाल ही में ओडिशा ने अनुसूचित जाति एवं अनुसूचित जनजाति समितियों के अध्यक्षों के राष्ट्रीय सम्मेलन की सफल मेजबानी की, जो समावेशी शासन के प्रति राज्य की प्रतिबद्धता का प्रमाण है।

 

ओडिशा को पूर्वी भारत का सांस्कृतिक केंद्र बताते हुए मुख्यमंत्री ने राज्य की समृद्ध सांस्कृतिक विरासत पर भी विशेष टिप्पणी की।

प्रतिनिधियों ने पुरी, कोणार्क, धौली और अन्य ऐतिहासिक स्थलों का भ्रमण कर ओडिशा की सांस्कृतिक धरोहर और आतिथ्य की प्रशंसा की।

कार्यक्रम में तुर्कमेनिस्तान की मजलिस (संसद) के सदस्य कारीमगुली गुर्बांगुलीविच गेलदियेव ने लोकतंत्र में पारदर्शिता और डिजिटल सुधारों के प्रति ओडिशा की प्रतिबद्धता की सराहना की और कहा कि यह इंटर्नशिप कार्यक्रम सभी प्रतिभागियों के लिए एक यादगार अनुभव रहेगा।

इस अवसर पर राज्यसभा सांसद श्री सुजीत कुमार ने कहा कि वैश्विक लोकतांत्रिक परिदृश्य में ओडिशा विधानसभा एक राष्ट्रीय मॉडल के रूप में उभरकर सामने आई है। इसकी अनुशासन, सकारात्मक बहस और तकनीकी नवाचार अन्य विधानसभाओं के लिए प्रेरणा हैं। उन्होंने कहा कि यह इंटर्नशिप कार्यक्रम युवा वैश्विक प्रतिनिधियों को भारत की विशिष्ट संसदीय परंपरा सीखने का दुर्लभ अवसर प्रदान करता है।

इस कार्यक्रम में मुख्य सचिव श्री मनोज आहूजा, विकास आयुक्त श्रीमती अनु गर्ग, अतिरिक्त मुख्य सचिव (संसदीय कार्य) श्री सुरेंद्र कुमार, ओडिशा विधानसभा के सचिव श्री सत्यव्रत राउत, PRIDE के निदेशक श्री प्रशांत मलिक तथा मुख्यमंत्री कार्यालय के वरिष्ठ अधिकारी उपस्थित थे।(PNS)

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